हिमाचल : देश में कृषि बिलों का आंदोलन लगातार उग्र होता जारहा है. एक ओर केंद्र सरकार जहां आंदोलन को समाप्त करने के लिए बातचीत में लगी हुई हैं। वहीं दूसरी ओर किसान अपनी मांग पर अड़े हुए हैं। रविवार को किसानों के इस आंदोलन को लेकर हिमाचल के पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता शांता कुमार ने कहा कि,” इस आंदोलन को किसान नहीं बल्कि राजनेता, बिचौलिए और कमीशन एजेंट चला रहे।”

शांता कुमार ने कहा, “कुछ बिचौलिए, कमीशन एजेंट और राजनीतिक नेता इस आंदोलन को चला रहे हैं। निहित स्वार्थ वाले लोग देश में इस तरह के आंदोलन शुरू करते हैं। कृषि कानून किसानों के पक्ष में हैं।”

कृषि कानूनों को लेकर किसानों का आंदोलन आज 18वा दिन है। किसान तीनों कृषि कानूनों को रद्द कराने की मांग पर अड़े हुए हैं। इसी के साथ मांग नहीं मनाने पर आंदोलन को और तीव्र करने की घोषणा कर चुके हैं। वहीं दूसरी ओर दिल्ली जयपुर-हाईवे को अवरुद्ध करने के लिए बड़ी संख्या में किसान राजस्थान बॉर्डर पर पहुंचें हैं।