कानपुर (यूपी) कानपुर देहात के बाद कानपुर नगर में भी पुलिस ने चरस की बड़ी खेप को बरामद कर एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। अभियुक्त के अनुसार नेपाल के रास्ते चरस लेकर कानपुर में सप्लाई देने के लिए आया था। इसके पूर्व एसटीएफ ने कानपुर देहात में 30 किलो चरस के साथ 7 को गिरफ्तार किया। जिसमें 3 महिलाएं भी शामिल थी। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग डेढ़ करोड़ रुपए बताई जाती है। गिरफ्तार अभियुक्तों में चार बिहार राज्य के रहने वाले हैं।

कानपुर पुलिस को मिली सफलता

नौबस्ता पुलिस को उस समय बड़ी सफलता हाथ लगी जब 10 किलो चरस के साथ आमिर अहमद को गिरफ्तार किया है। बरामद चरस की कीमत लगभग ₹10 लाख बताई जाती है। इस संबंध में एसपी साउथ दीपक भूकर ने कहा कि पकड़ा गया अभियुक्त नेपाल बॉर्डर से चरस लाकर कानपुर में सप्लाई करता था। पकड़े गए अभियुक्त निशानदेही पर अन्य की तलाश की जा रही है। शीघ्र गिरफ्तार किया जाएगा।

मालूम हो कि इसके पूर्व एसटीएफ ने कानपुर देहात के सिकंदरा के होटल से चरस तस्करों के गिरोह के सदस्यों को गिरफ्तार किया था। जिनके पास 30 किलो चरस बरामद किया गया था। इसके साथ ही नेपाली मुद्रा भी बरामद हुई थी। मोतिहारी से दिल्ली का एक टिकट मिला है। सीओ एसटीएफ कानपुर तेजबहादुर सिंह ने बताया कि नेपाल के रास्ते चरस तस्करी कर बिहार सीमा से भारत में प्रवेश करते थे और अपने गैंग के सदस्यों को जानकारी देते थे।

सुरेश चंद्र शिवराजपुर कानपुर, सुशीला निवासी चौबेपुर कानपुर देहात, जितेन्द्र सिंह बलरामपुर मंगलपुर कानपुर देहात, खुर्शीद सिद्धकी निवासी इनरवा रमघड़वा मोतिहारी बिहार, गुड़िया खातून, सोनी खातून, सलीम अंसारी निवासी गण छतौनी चंपारण बिहार शामिल थे। जिनके पास से 30 किलो चरस, नगद ₹4950/-, एक हजार नेपाली मुद्रा, पांच मोबाइल, दो बाइक के साथ मोतिहारी बिहार का एक टिकट भी बरामद हुआ है। पकड़े गये अभियुक्त के अनुसार जितेंद्र सिंह की मांग पर चरस की खेप यहांं लाई जाती है। यहां से चरस की सप्लाई कानपुर नगर, औरैया, इटावा, हमीरपुर, जालौन सहित अन्य कई जनपदों किया जाता है। जितेंद्र इसके पूर्व भी ड्रग की सप्लाई में पकड़ा जा चुका है।