नई दिल्ली: DGCI ने जायडस कैडिला के ‘विराफीन’ को इस्तेमाल की दी मंज़ूरी, कोरोना संक्रमितों के इलाज के लिए ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया ने एक और इंजेक्शन के इस्तेमाल की मंजूरी दे दी है। शुक्रवार को डीजीसीआई ने जायडस कैडिला की Pegylated Interferon Alpha-2b, विराफीन को व्यस्क कोरोना संक्रमितों के इलाज में उपयोग की मंजूरी दी है। कंपनी के दावे के मुताबिक विराफिन के इस्तेमाल के बाद मरीज को ऑक्सीजन की भी जरूरत नहीं रहेगी।

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जायडस कैडिला की बनाई इस इंजेक्शन का इस्तेमाल पहले लिवर की बीमारी हेपेटाइटिस बी के लिए किया जाता था। इसका पूरा नाम Pegylated Interferon Alpha-2b है। कोरोना के बढ़ते मामलों के बाद अब इसे कोरोना वायरस के खिलाफ उपयोग करने का तय किया गया है। इसके लिए देश भर के 25 केंद्रों पर परीक्षण किया गया है।

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जानकारी के मुताबिक जायडस कैडिला ने विराफिन के ह्यूमन ट्रायल में तकरीबन 25 सेंटर्स का इस्तेमाल किया। जिसमें दावा किया जा रहा है कि विराफिन के इस्तेमाल के बाद मरीज को ऑक्सीजन की भी जरूरत नहीं रह गयी। ऐसे में माना जा रहा है कि ये अब तक का बेहतरीन नतीजा है, जिसमें साफ है कि यह कोरोना के दौरान होने वाले सांस संबंधी परेशानी को दूर करने में मदद करता है।

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