फेसबुक और इंस्टाग्राम की मालिक कंपनी मेटा ने मंगलवार को कहा कि वह अपनी थर्ड-पार्टी फैक्ट-चेकिंग (सत्यापन) प्रोग्राम को बंद कर रही है और इसकी जगह ‘कम्युनिटी नोट्स’ नाम का एक नया प्रोग्राम शुरू कर रही है। यह प्रोग्राम यूजर्स की तरफ से लिखा जाएगा, जो एलन मस्क के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पहले ट्विटर) की तरह काम करेगा। जानकारी के मुताबिक ये प्रोग्राम सबसे पहले अमेरिका से लागू किया जाएगा।
बता दें कि, अमेरिका से शुरुआत करते हुए, मेटा स्वतंत्र थर्ड-पार्टी फैक्ट-चेकिंग प्रोग्राम को खत्म कर देगी। कंपनी ने कहा कि उसने यह फैसला इसलिए लिया क्योंकि एक्सपर्ट फैक्ट-चेकर्स भी अपने खुद के पूर्वाग्रह रखते हैं, और बहुत ज्यादा कंटेंट का फैक्ट-चेक किया जाने लगा था। इसलिए अब मेटा ‘कम्युनिटी नोट्स’ मॉडल अपनाएगी।
‘अधिक अभिव्यक्ति’ की अनुमति देने की योजना
मामले में मेटा के चीफ ग्लोबल अफेयर्स ऑफिसर जोएल कैपलन ने एक ब्लॉग पोस्ट में कहा, ‘हमने देखा है कि यह तरीका ‘एक्स’ पर काम करता है, जहां वे अपनी कम्युनिटी को यह तय करने का अधिकार देते हैं कि कब पोस्ट भ्रामक हो सकते हैं और उन्हें अधिक संदर्भ की जरूरत है। इसके साथ ही, मेटा ने कहा कि वह ‘अधिक अभिव्यक्ति’ की अनुमति देने की योजना बना रही है और कुछ विषयों पर लगी पाबंदियां हटाएगी, जो मुख्यधारा की चर्चा का हिस्सा हैं। कंपनी अब अवैध और ‘उच्च गंभीरता वाले उल्लंघनों’ जैसे आतंकवाद, बाल यौन शोषण और ड्रग्स पर ध्यान केंद्रित करेगी।
जटिल सिस्टम ने ‘बहुत ज्यादा गलतियां’ की- मेटा
मेटा ने यह भी माना कि उसके की तरफ से कंटेंट को मैनेज करने के लिए बनाए गए जटिल सिस्टम ने ‘बहुत ज्यादा गलतियां’ की हैं और ‘बहुत सारे कंटेंट’ को सेंसर कर दिया है। वहीं मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कहा कि इन बदलावों का एक कारण डोनाल्ड ट्रंप की राष्ट्रपति चुनाव में जीत भी है। जुकरबर्ग ने एक ऑनलाइन वीडियो में कहा, ‘हाल के चुनाव एक सांस्कृतिक मोड़ की तरह लगते हैं, जहां अभिव्यक्ति को एक बार फिर से प्राथमिकता दी जा रही है।’

