हिंसाग्रस्त मणिपुर में मंगलवार को एक बार फिर से हिंसा भड़की। मंगलवार सुबह संदिग्ध कुकी उग्रवादियों ने मणिपुर पुलिस के एक कमांडो की हत्या कर दी। इसके बाद उग्रवादियों ने कई जगह घात लगाकर पुलिस पर हमले किए, जिसमें पुलिस के तीन जवान घायल हो गए। घायलों को चिकित्सा के लिए इंफाल लाया गया है।
जानकारी के मुताबिक, दोपहर के मणिपुर पुलिस की एक टीम, जोन-1 के आईजीपी थेमथिंग नगाशांगवा के नेतृत्व में मोरेह के रास्ते पर थे। इस बीच उन पर तेंगनौपाल जिले के सिनाम गांव में संदिग्ध कुकी सशस्त्र बदमाशों ने घात लगाकर हमला किया। घटना के दौरान तीन पुलिस कर्मियों को गोली लगी है। घायल कर्मियों को इंफाल के राज पॉलीक्लिनिक अस्पताल ले जाया गया। पुलिसकर्मी जो घायल हुए हैं, उनकी पहचान समजेत्सबन शेखरजीत सिंह, लीमापोकपम बंगकिम शिराक थुइखावांग के रूप में हुई है। गोलीबारी की घटना के बाद तेंगनौपाल जिले के नेमखोचिन गांव के 20 ग्रामीणों जिसमें 12 पुरुष, छह महिला और दो बच्चों ने नेमखोचिन स्थित बीएसएफ की सी/122 बीएन शिविर में शरण ली है।
आतंकवादियों के खिलाफ ऑपरेशन के निर्देश
इस बीच मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक में आतंकवादियों के खिलाफ ऑपरेशन के निर्देश दिए गए। घटना के बाद मोरेह और उसके आसपास भारी संख्या में सुरक्षाबलों की तैनाती कर दी गई है। पूरे इलाके में स्थिति तनावपूर्ण बताई गई है। इसके साथ ही राज्य में पांच नबंवर तक के लिए इंटरनेट पर फिर से प्रतिबंध लगा दिया गया है।
उप-विभागीय पुलिस अधिकारी गोली मारकर हत्या
इससे पहले मंगलवार सुबह मोरेह के एक उप-विभागीय पुलिस अधिकारी चिंगथम आनंद कुमार की उस समय गोली मारकर हत्या कर दी गई, जब वह मंगलवार को हेलीकॉप्टर लैंडिंग के लिए पूर्वी मैदान पर तैयारियों की देखरेख कर रहे थे। हत्या की रिपोर्ट के बाद मणिपुर पुलिस कमांडो की टीम मोरेह की ओर रवाना हुई।
सुबह की घटना के बाद बिगड़े हालात
जानकारी के मुताबिक, चिंगथम आनंद कुमार की हत्या के बाद संदिग्ध कुकी आतंकवादियों ने घात लगाकर पुलिस पर हमले किए। इसमें मणिपुर पुलिस के तीन विशेष कमांडो घायल हो गए। मंगलवार को दक्षिण में म्यांमार की सीमा से लगे मणिपुर के तेंग्नौपाल जिले में विभिन्न स्थानों पर हमले की सूचना मिली।
संयुक्त अभियान शुरू करने का निर्देश
सूत्रों ने बताया कि घटना के बाद इसके बाद राज्य कैबिनेट की बैठक हुई, जिसमें अपराध के लिए जिम्मेदार अपराधियों को पकड़ने के लिए मोरेह और आसपास के इलाकों में एक संयुक्त अभियान शुरू करने का निर्देश दिया गया।
इंफाल के राज मेडिसिटी में इलाज कराया गया
हालांकि, दोपहर लगभग तीन बजे उसी जिले के सिनम और बुंगयांग गांवों के बीच एक स्थान पर आतंकवादियों ने टीम पर घात लगाकर हमला कर दिया। पुलिस ने कहा कि हमलों में तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए और उन्हें इंफाल के राज मेडिसिटी में इलाज कराया गया। खबर लिखे जाने तक इंफाल से करीब 70 किलोमीटर दूर सिनम और बुंगयांग गांवों के आसपास पुलिस और कुकी उग्रवादियों के बीच गोलीबारी जारी थी।
बीरेन सिंह ने कही यह बात
मणिपुर के मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने ट्वीट किया कि आज सुबह मोरेह पुलिस के ओसी एसडीपीओ चिंगथम आनंद की निर्मम हत्या से गहरा दुख हुआ। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिमंडल ने अपराध के लिए जिम्मेदार अपराधियों को पकड़ने के लिए मोरेह और आसपास के इलाकों में एक संयुक्त अभियान शुरू करने और अपराधियों के गिरफ्तार होने तक इसे जारी रखने का निर्देश दिया। कैबिनेट ने यह भी नोट किया कि इस उद्देश्य के लिए इंफाल से अतिरिक्त राज्य बलों को तैनात किया गया है। इसके बाद से ऑपरेशन शुरू हो गया है। इस बीच कैबिनेट ने विश्व कुकी-जो बौद्धिक परिषद (डब्ल्यूकेजीआईसी) को गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम के तहत प्रतिबंध लगाने की सिफारिश की है। अब इस पर केंद्र अंतिम फैसला लेगा।
मोबाइल इंटरनेट प्रतिबंध पांच नवंबर तक बढ़ाया गया
मणिपुर सरकार ने राज्य में मोबाइल इंटरनेट या डेटा सेवाओं और वीपीएन के माध्यम से इंटरनेट या डेटा सेवाओं के निलंबन को पांच नवंबर शाम 7:45 बजे तक यानी पांच दिनों के लिए बढ़ा दिया है। इस आशय का निर्णय राष्ट्र-विरोधी और असामाजिक तत्वों की योजना और गतिविधियों को विफल करने, शांति और सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखने और दुष्प्रचार के प्रसार को रोककर सार्वजनिक या निजी संपत्ति को होने वाले किसी भी नुकसान या खतरे को रोकने के लिए लिया गया था। आयुक्त (गृह) टी रणजीत सिंह ने एक आदेश में कहा कि व्हाट्सएप, फेसबुक, इंस्टाग्राम, ट्विटर आदि जैसे विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफार्मों के माध्यम से झूठी अफवाहें फैलाई जा रही हैं।
कई जिलों में धारा 144 लागू
मंगलवार को हुए हमले के बाद मणिपुर के कई जिलों में धारा 144 लागू कर दिया गया है। जानाकरी के मुताबिक थौबाल, इंफाल ईस्ट, इंफाल पश्चिम और काकचिंग जिले में धारा 144 लागू कर दिया गया है। जिला मजिस्ट्रेट द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि इस दौरान पांच या उससे अधिक लोगों के इकट्ठा होने, किसी तरह की रैली या जमघट होने पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगा दिया गया है। कहीं पर सुबह पांच बजे से रात दस बजे तक तो कहीं पर सुबह पांच बजे से रात आठ बजे पर धारा 144 लागू कर दिया गया है।

