अमेरिका के दक्षिण और मिडवेस्ट (मध्य-पश्चिमी) इलाकों में पिछले कुछ दिनों से हो रही लगातार भारी बारिश और आंधी-तूफानों के बाद हालात बेहद खराब हो गए हैं। अब शनिवार को फिर से मूसलाधार बारिश और अचानक आने वाली बाढ़ (फ्लैश फ्लड) की चेतावनी दी गई है।
मिसौरी, टेक्सास और अर्कांसस जैसे राज्यों में शुक्रवार रात से ही अचानक आने वाली बाढ़ की इमरजेंसी जारी की गई है। नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है और मौसम विभाग (राष्ट्रीय मौसम सेवा – एनडब्ल्यूएस) ने बताया कि करीब 45 जगहों पर नदियां प्रमुख बाढ़ अवस्था तक पहुंच सकती हैं, जिससे इमारतों, सड़कों और अन्य जरूरी ढांचे डूब सकते हैं।
टोरनेडो से भी तबाही
कई इलाकों में टोरनेडो (बवंडर) ने भी तबाही मचाई है। इसमें कम से कम सात लोगों की मौत हो चुकी है और कई मोहल्ले पूरी तरह से तबाह हो गए हैं। टेनेसी राज्य के सेल्मर शहर में 160 मील प्रति घंटे की रफ्तार वाले टोरनेडो ने कई घरों को पूरी तरह उजाड़ दिया। वहीं केंटकी के गवर्नर ने बताया कि शुक्रवार को एक नौ साल के बच्चे की मौत पानी में बह जाने से हो गई।
व्यापार और यातायात पर असर, सड़कें और गांव प्रभावित
लुइसविल (केंटकी) और मेम्फिस (टेनेसी) जैसे बड़े व्यापारिक केंद्रों में भी बाढ़ का असर देखा जा रहा है। इससे माल ढुलाई और सप्लाई चेन पर बुरा असर पड़ सकता है। केंटकी में सैंकड़ों सड़कें पानी, पेड़ों के गिरने और मलबे के कारण बंद हैं। ग्रामीण इलाकों में पहाड़ों से पानी तेजी से नीचे आता है जिससे अचानक आने वाली बाढ़ का खतरा और भी ज्यादा है। ओहायो राज्य में भी नदियां उफान पर हैं, और लगभग 70 सड़कें बंद करनी पड़ी हैं।
केंटकी राज्य के हॉपकिंसविले शहर में शुक्रवार को पानी थोड़ा कम हुआ, जिससे शनिवार सुबह शहर दोबारा खुल गया। लेकिन मेयर जेम्स आर. नाइट जूनियर ने बताया कि शनिवार और रविवार को और बारिश की संभावना है। स्थानीय प्रशासन ने बाढ़ से बचाव के लिए रेत की बोरियां बांटनी शुरू कर दी हैं। वहीं अर्कांसस और मिसौरी में शुक्रवार को बवंडर भी देखे गए जिनमें मलबा 25,000 फीट तक हवा में उड़ता दिखा।
ऐसा क्यों हो रहा है मौसम?
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस खतरनाक मौसम की वजह है –
- गर्म तापमान
- अस्थिर वायुमंडल
- तेज हवाएं
- मैक्सिको की खाड़ी से आ रही नम हवा
क्या है विभाग और सरकार की चिंता
इस समय मौसम विभाग के कई दफ्तरों में 20% कर्मचारियों की कमी है, जो ट्रंप प्रशासन के दौरान की गई नौकरियों की कटौती का नतीजा है।

