अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने मंगलवार को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) पर एक महत्वपूर्ण आदेश पर हस्ताक्षर किए। इसका मकसद अमेरिका में उन्नत (एडवांस्ड) एआई के लिए जरूरी बुनियादी ढांचे को सुनिश्चित करना है, जैसे बड़े पैमाने पर डाटा केंद्र और नई स्वच्छ उर्जा सुविधाएं।
बाइडन ने संघीय एजेंसियों को निर्देश दिया कि वह सरकारी जगह पर एआई ढांचे का विकास तेज करें। इस आदेश में इन बुनियादी ढांचों को सुरक्षित तरीके से बनाने के लिए कुछ नियम भी तय किए गए हैं। बाइडन ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा और आम लोगों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए एआई का सही इस्तेमाल जरूरी है।
डाटा केंद्रों के लिए जगह की पहचान करेंगे विभाग
इस कार्यकारी आदेश में यह भी कहा गया कि रक्षा और उर्जा विभाग उन स्थानों की पहचान करेंगें, जहां निजी कंपनियां एआई डाटा केंद्र बना सकें। इसके अलावा, इन कंपनियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि वे अपने डाटा केंद्र के लिए पर्याप्त स्वच्छ उर्जा का उत्पादन करें।
राष्ट्रपति बाइडन ने कहा कि यह प्रयास इस तरह से किया जाए कि यह स्थानीय समुदायों की भावनाओं का सम्मान रखे और अमेरिका के नागरिकों अतिरिक्त दबाव न डाले। इसके अलावा, सभी निर्माण कार्य सार्वजनिक श्रम समझौतों के तहत होंगे, ताकि स्थानीय मजदूरों को रोजगार मिले।
‘पर्याप्त उर्जा और संसाधनों की उपलब्धता जरूरी’
अधिकारियों का कहना है कि एआई मॉडल को प्रशिक्षित करने और उनका संचालन करने के लिए तेजी से बढ़ती कंप्यूटिंग शक्ति और उर्जा की जरूरत है। बाइडन प्रशासन ने यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए हैं कि अमेरिका में इन एआई डाटा केंद्रों के निर्माण के लिए पर्याप्त बिजली और संसाधन उपलब्ध हों।
बाइडन ने यह भी कहा कि यह कदम अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए जरूरी है। यह सुनिश्चित किया जाए कि एआई की शक्तिशाली प्रणाली अन्य देशों के हाथ में न जाएं। इससे अमेरिका को एआई तकनीक में आत्मनिर्भर बनने में मदद मिलेगी और अन्य देशों पर निर्भरता कम होगी।