अगले 1 महीने के भीतर लागू होगी नई व्यवस्था; केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त रमेश कृष्णमूर्ति ने दी जानकारी
नई दिल्ली:
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) अपने करोड़ों सदस्यों को बड़ी राहत देने की तैयारी में है। ईपीएफओ अगले एक महीने के भीतर भीम ऐप (BHIM App) के जरिए पीएफ (PF) दावा निपटान (Claim Settlement) की नई और आधुनिक व्यवस्था शुरू करने जा रहा है। इस नई सुविधा के तहत सदस्य भीम ऐप के माध्यम से अपना पीएफ क्लेम जमा कर सकेंगे और मंजूरी मिलते ही पैसे सीधे उनके यूपीआई (UPI) से जुड़े बैंक खाते में ट्रांसफर कर दिए जाएंगे।
केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त रमेश कृष्णमूर्ति ने शुक्रवार को इस ऐतिहासिक फैसले की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह कदम ईपीएफओ की सेवाओं के डिजिटलीकरण और सदस्यों के अनुभव को बेहतर बनाने की दिशा में उठाया गया है।
तेज, आसान और डायरेक्ट ट्रांसफर: कैसे काम करेगी नई व्यवस्था?
- भीम ऐप से क्लेम: ईपीएफओ सदस्य अब सीधे भीम ऐप के जरिए अपने पीएफ अग्रिम (Advance) या अंतिम निकासी (Final Settlement) के लिए दावा दाखिल कर सकेंगे।
- सीधे बैंक खाते में राशि: क्लेम पास होते ही राशि किसी भी कागजी या मध्यस्थ प्रक्रिया के बिना सीधे सदस्य के यूपीआई से लिंक प्राइमरी बैंक अकाउंट में जमा हो जाएगी।
- समय की बचत: इस पूरी व्यवस्था के लागू होने से क्लेम सेटलमेंट में लगने वाला समय काफी कम हो जाएगा और सदस्यों को दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
गिग वर्कर्स और असंगठित क्षेत्र के लिए विशेष योजना की तैयारी
सामाजिक सुरक्षा उपायों पर बात करते हुए रमेश कृष्णमूर्ति ने बताया:
- सामाजिक सुरक्षा संहिता (Social Security Code): नए नियमों के तहत गिग, प्लेटफॉर्म और असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाने के लिए एक विशेष योजना का ढांचा तैयार किया जा रहा है।
- कार्यान्वयन एजेंसी: सरकार जैसे ही इस ढांचे को अंतिम रूप देगी, इसे लागू करने वाली नामित एजेंसी (चाहे ईपीएफओ हो या कोई अन्य संस्था) का ऐलान कर दिया जाएगा।
नियोक्ताओं (Employers) के लिए भी सरल होंगे नियम
कृष्णमूर्ति ने बताया कि ईपीएफओ अब अनुपालन (Compliance) से जुड़े सुधारों पर तेजी से काम कर रहा है। आने वाले समय में कंपनियों और नियोक्ताओं के लिए ईपीएफओ के साथ काम करने और रिटर्न दाखिल करने की प्रक्रिया को और अधिक सरल बनाया जाएगा।
उन्होंने सभी कर्मचारियों और नियोक्ताओं से ईपीएफओ से जुड़े रहने की अपील करते हुए इसे देश की सबसे मजबूत और विश्वसनीय सेवानिवृत्ति सुरक्षा प्रणाली बताया।

